spot_img
दुनिया में जो बदलाव आप देखना चाहते हैं, वह खुद बनिए. - महात्मा गांधी
Homeउत्तराखंडपर्यावरण क्रांति का शंखनाद कर समर स्टडी हॉल और क्लीन एंड ग्रीन...

पर्यावरण क्रांति का शंखनाद कर समर स्टडी हॉल और क्लीन एंड ग्रीन फाउंडेशन ने रचा नया इतिहास

काशीपुर। समर स्टडी हॉल और क्लीन एंड ग्रीन फाउंडेशन ने पेश की पर्यावरण सुरक्षा की मिसाल, जब आज काशीपुर की ऐतिहासिक धरा पर प्रकृति के संरक्षण और संवर्धन के लिए एक अभूतपूर्व क्रांति का सूत्रपात हुआ। पृथ्वी दिवस के इस पावन उपलक्ष्य पर कुंडेश्वरी स्थित समर स्टडी हॉल के विद्यार्थियों और समर्पित शिक्षकों ने क्लीन एंड ग्रीन फाउंडेशन के तत्वावधान में एक ऐसी ओजस्वी जागरूकता रैली का संचालन किया, जिसने समूचे नगर की चेतना को झकझोर कर रख दिया। यह आयोजन केवल एक औपचारिकता मात्र नहीं था, बल्कि बढ़ते प्रदूषण और वैश्विक तापन के विरुद्ध एक सशक्त शंखनाद था। नगर निगम काशीपुर के विशाल प्रांगण से शुरू हुई इस रैली ने जब शहर के मुख्य मार्गों की ओर प्रस्थान किया, तो वातावरण पूरी तरह से पारिस्थितिकी तंत्र को बचाने के संकल्प से भर गया। नन्हे विद्यार्थियों के हाथों में मौजूद रंग-बिरंगे पोस्टर्स और उनके ओठों पर थमे ‘धरा बचाओ’ के नारों ने प्रत्येक राहगीर के अंतर्मन में पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी की एक नई लौ प्रज्वलित कर दी।

नगर के हृदय स्थल से गुजरती हुई यह भव्य रैली मुख्य बाजार की संकरी गलियों, डॉक्टर लाइन के व्यस्ततम क्षेत्रों और रतन सिनेमा रोड के व्यावसायिक केंद्रों से होते हुए महाराणा प्रताप चौक तक पहुँची। इस दौरान विद्यार्थियों के अनुशासित कदम और उनकी आँखों में झलकता भविष्य के प्रति उत्तरदायित्व का भाव देखते ही बनता था। रैली के माध्यम से इन नन्हे पर्यावरण दूतों ने न केवल प्लास्टिक के उन्मूलन की बात की, बल्कि स्वच्छता को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने और एक हरित जीवन शैली अपनाने का जीवंत संदेश जन-जन तक पहुँचाया। महाराणा प्रताप चौक पर पहुँचकर इस जनसमूह ने एक विशाल मानव श्रृंखला का रूप ले लिया, जहाँ से गूंजते ‘पेड़ लगाओ, धरती बचाओ’ के नारों ने यह स्पष्ट कर दिया कि काशीपुर की युवा पीढ़ी अब अपनी धरती को सुरक्षित रखने के लिए पूरी तरह से सन्नद्ध है। इस मार्ग पर पड़ने वाले प्रत्येक व्यापारिक प्रतिष्ठान और राहगीरों ने इस पहल की सराहना की और बच्चों के इस जुनून को देखकर स्वयं भी प्रकृति के प्रति अपनी भूमिका पर चिंतन करने के लिए प्रेरित हुए।

रैली का समापन पुनः नगर निगम परिसर में हुआ, जहाँ एक अत्यंत गरिमामयी और विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस समारोह की भव्यता उस समय और बढ़ गई जब शहर के तमाम गणमान्य अतिथियों ने अपनी गरिमामयी उपस्थिति से विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन किया। मंच पर विराजमान अतिथियों में विद्यालय की विदुषी अध्यक्षा श्रीमती मुक्ता सिंह, मेयर प्रतिनिधि श्री समर पाल सिंह, और नगर आयुक्त प्रतिनिधि श्री विनोद लाल ने कार्यक्रम को वैचारिक गहराई प्रदान की। इनके साथ ही अंतरराष्ट्रीय फलक पर ख्याति प्राप्त एथलीट विजेंद्र चौधरी, क्लीन एंड ग्रीन फाउंडेशन के कर्मठ प्रेसिडेंट श्री सर्वेश बंसल एवं वाइस प्रेसिडेंट श्री गौरव गुप्ता जैसे विशिष्ट व्यक्तित्वों ने भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। सभी अतिथियों का स्वागत पारंपरिक रूप से किया गया, जिसके पश्चात प्रकृति के विभिन्न पहलुओं पर गंभीर चर्चा शुरू हुई। वक्ताओं ने पृथ्वी दिवस की प्रासंगिकता पर बल देते हुए कहा कि यदि आज हम प्रकृति के साथ सामंजस्य बिठाने में विफल रहे, तो भविष्य की पीढ़ियों के लिए संसाधनों का नितांत अभाव हो जाएगा।

सभागार में आयोजित इस कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण वह सामूहिक शपथ ग्रहण समारोह था, जिसमें अतिथियों सहित प्रत्येक छात्र और शिक्षक ने अपनी धरती को स्वच्छ, सुंदर और हरा-भरा बनाए रखने का दृढ़ संकल्प लिया। अतिथियों ने अपने संबोधन में पर्यावरण संरक्षण के विभिन्न वैज्ञानिक और व्यावहारिक समाधानों पर प्रकाश डाला और आह्वान किया कि ‘स्वच्छ काशीपुर, सुंदर काशीपुर’ केवल एक नारा बनकर न रहे, बल्कि यह हर नागरिक का व्यक्तिगत लक्ष्य बन जाए। विद्यार्थियों ने अपनी रचनात्मकता का प्रदर्शन करते हुए विभिन्न संदेशों के माध्यम से समाज को यह समझाया कि किस प्रकार एक छोटा सा पौधा लगाने से लेकर कचरे के सही निस्तारण तक, हर छोटा कदम पृथ्वी की सेहत सुधारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। कार्यक्रम के दौरान पर्यावरण संरक्षण की शपथ लेते समय पूरा परिसर एक नई ऊर्जा और सकारात्मकता से भर गया, जिससे यह प्रतीत हो रहा था कि यह आयोजन समाज में एक बड़े बदलाव का आधार बनेगा।

इस विशेष अवसर पर नगर निगम काशीपुर द्वारा उन विभूतियों को सम्मानित किया गया जिन्होंने इस पुनीत कार्य के प्रबंधन और सफल क्रियान्वयन में अपना सर्वस्व झोंक दिया था। शिक्षा और समाज सेवा के प्रति उनके अटूट समर्पण को देखते हुए, समर स्टडी हॉल की अध्यक्षा श्रीमती मुक्ता सिंह, ऊर्जावान प्रधानाचार्य श्री अनुज भाटिया एवं उप प्रधानाचार्य श्री मनु अग्रवाल को विशेष सम्मान और स्मृति चिन्ह प्रदान कर अलंकृत किया गया। यह सम्मान न केवल उनके प्रयासों की सराहना थी, बल्कि उस विज़न की जीत थी जो समाज को बेहतर बनाने के लिए शिक्षा के साथ-साथ नैतिक मूल्यों का बीजारोपण कर रहा है। सम्मानित होने के पश्चात इन शिक्षाविदों ने नगर निगम का आभार व्यक्त किया और यह दोहराया कि उनका संस्थान भविष्य में भी सामाजिक सरोकारों से जुड़े ऐसे कार्यों में सदैव अग्रणी रहेगा। इस सम्मान समारोह ने कार्यक्रम में मौजूद अन्य शिक्षकों और स्वयंसेवकों के भीतर भी समाज के प्रति अपनी जवाबदेही निभाने का एक नया जोश भर दिया।

यह पूरा आयोजन वास्तव में अत्यंत ज्ञानवर्धक, प्रेरणादायक और समाज को पर्यावरण के प्रति जागरूक करने की दिशा में एक मिल का पत्थर सिद्ध हुआ। विद्यालय की अध्यक्षा श्रीमती मुक्ता सिंह ने अपने संबोधन के माध्यम से उपस्थित जनसमूह और विद्यार्थियों के हृदय में प्रकृति के प्रति प्रेम की एक अमिट छाप छोड़ी। उन्होंने अत्यंत विनम्रता से संदेश दिया कि अपनी धरा को सुरक्षित रखना किसी एक संस्था का कार्य नहीं है, बल्कि यह हम सभी की सर्वोच्च नैतिक जिम्मेदारी है। उन्होंने भविष्य के प्रति अपनी अटूट प्रतिबद्धता व्यक्त करते हुए आश्वस्त किया कि समर स्टडी हॉल केवल शैक्षणिक उत्कृष्टता तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि आने वाले समय में भी ऐसे सामाजिक एवं पर्यावरणीय कार्यक्रमों का आयोजन कर समाज के प्रति अपने कर्तव्यों का निर्वहन करता रहेगा। उनके विचारों ने बच्चों को यह समझने में मदद की कि शिक्षा का वास्तविक उद्देश्य केवल ज्ञान अर्जन नहीं, बल्कि समाज और पर्यावरण के प्रति संवेदनशील बनना भी है।

इस सामाजिक पहल को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए कॉरपोरेट जगत ने भी अपनी सहभागिता सुनिश्चित की। देवार्पण फूड्स प्राइवेट लिमिटेड कंपनी ने इस जागरूकता कार्यक्रम की महत्ता को समझते हुए अपना महत्वपूर्ण सहयोग प्रदान किया। कंपनी की ओर से रैली और कार्यक्रम में सम्मिलित हुए विद्यार्थियों के लिए पौष्टिक जलपान की समुचित व्यवस्था की गई, जिससे भीषण गर्मी के बावजूद बच्चों का मनोबल और ऊर्जा का स्तर निरंतर बना रहा। इस प्रकार का सहयोग यह प्रदर्शित करता है कि जब व्यापारिक संस्थान अपनी सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति सजग होते हैं, तो सामुदायिक प्रयासों को एक नई शक्ति मिलती है। देवार्पण फूड्स के इस सराहनीय कदम की आयोजन समिति और उपस्थित गणमान्य व्यक्तियों ने मुक्त कंठ से प्रशंसा की। यह सहयोग इस बात का प्रतीक था कि पर्यावरण जैसे वैश्विक मुद्दे पर लड़ने के लिए समाज के हर वर्ग, चाहे वह शैक्षणिक हो, प्रशासनिक हो या व्यापारिक, को एक मंच पर आना अनिवार्य है।

पृथ्वी दिवस के इस ऐतिहासिक और अत्यंत प्रभावशाली कार्यक्रम को सफल बनाने के पीछे समर स्टडी हॉल के उन शिक्षकों का अथक परिश्रम था, जिन्होंने पर्दे के पीछे रहकर व्यवस्थाओं को सुचारु बनाया। कार्यक्रम के दौरान राजेंद्र सिंह फर्तियाल, नेहा पंत, निशा शर्मा, अनीता तिवारी, विकास नेगी, आशीष वर्मा, सुमित बिस्ट और गीता भारद्वाज जैसे समर्पित शिक्षक-शिक्षिकाएं निरंतर सक्रिय रहे। इन शिक्षकों ने न केवल विद्यार्थियों का मार्गदर्शन किया, बल्कि रैली के अनुशासन और कार्यक्रम की गरिमा को बनाए रखने में अपनी अहम भूमिका निभाई। उनकी उपस्थिति और सक्रियता ने यह सुनिश्चित किया कि ‘अर्थ डे’ का यह विशेष संदेश समाज के प्रत्येक कोने तक प्रभावी ढंग से पहुँचे। अंततः, यह कार्यक्रम काशीपुर के इतिहास में जागरूकता का एक नया अध्याय लिखकर संपन्न हुआ, जिसने न केवल ज्ञान का प्रसार किया बल्कि प्रकृति के प्रति समर्पण की एक नई परिभाषा भी गढ़ दी। अब नगर का प्रत्येक नागरिक इस शपथ के साथ अपने घर लौटा कि वह अपनी धरती को बचाने के लिए हर संभव प्रयास करेगा।

संबंधित ख़बरें
स्वच्छ, सुंदर और विकसित काशीपुर के संकल्प संग गणतंत्र दिवस

लेटेस्ट

ख़ास ख़बरें

error: Content is protected !!