काशीपुर। काशीपुर की लाइफलाइन कही जाने वाली काशीपुर-रामनगर राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-309) की सूरत अब जल्द ही बदलने वाली है, क्योंकि जनभावनाओं को ध्यान में रखते हुए इस बदहाल हो चुकी सड़क के पुनर्निर्माण का काम धरातल पर शुरू हो चुका है। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बीते 5 जून को डिजिटल माध्यम से इस अत्यंत महत्वपूर्ण सड़क सुधार परियोजना का शिलान्यास किया था, जिसके ठीक दो दिन बाद ही प्रशासनिक तत्परता दिखाते हुए महाराणा प्रताप चौक से इसका बाकायदा निर्माण कार्य शुरू करा दिया गया है। करीब 16 करोड़ 81 लाख रुपए की भारी-भरकम धनराशि की लागत से तैयार होने वाली इस हॉट मिक्स सड़क की मांग स्थानीय जनता लंबे समय से कर रही थी, क्योंकि सड़क के गड्ढों में तब्दील होने से यहां रोजाना सफर करना किसी दुःस्वप्न से कम नहीं था। इस मार्ग की बदहाली और आए दिन होने वाली दुर्घटनाओं की वजह से यह मुद्दा हमेशा क्षेत्रीय समाचारों और सोशल मीडिया की सुर्खियों में छाया रहता था, जिससे न केवल स्थानीय प्रशासन बल्कि सरकार पर भी लगातार जनहित में ठोस कदम उठाने का भारी दबाव बना हुआ था।
इस बहुप्रतीक्षित विकास कार्य को धरातल पर उतारने और इसका औपचारिक शुभारंभ करने के लिए काशीपुर के वर्तमान महापौर दीपक बाली खुद रामनगर रोड पर स्थित रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) के नजदीक पहुंचे, जहां उन्होंने नारियल फोड़कर और पूरी टीम का हौसला बढ़ाकर इस महत्वाकांक्षी निर्माण कार्य की औपचारिक शुरुआत की। दरअसल महापौर दीपक बाली का अपना निजी आवास भी इसी मुख्य मार्ग पर स्थित है, जिसकी वजह से वह इस सड़क की बदहाली से उत्पन्न होने वाली स्थानीय नागरिकों की गंभीर दिक्कतों और रोजमर्रा की परेशानियों से भली-भांति वाकिफ थे। अपनी इसी संवेदनशीलता के कारण वह लगातार इस राष्ट्रीय राजमार्ग के कायाकल्प के प्रयासों में जुटे हुए थे और इसके लिए उन्होंने दिन-रात एक कर रखा था। उन्होंने बार-बार फोन के जरिए राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NH) के आला अधिकारियों और अभियंताओं से संपर्क साधा और न केवल इस पूरी सड़क की मरम्मत का एक व्यापक एस्टीमेट तैयार करवाया, बल्कि खुद देहरादून जाकर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात कर इस जनहित के मुद्दे को प्रमुखता से उठाते हुए त्वरित गति से काम शुरू कराने का बार-बार पुरजोर अनुरोध भी किया था।
आखिरकार महापौर दीपक बाली के द्वारा किए गए ये निरंतर और भगीरथ प्रयास रंग लाए, जिसके परिणामस्वरूप मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने काशीपुर से लेकर रामनगर तक के इस लगभग 28 किलोमीटर लंबे बेहद महत्वपूर्ण सड़क मार्ग को आधुनिक हॉट मिक्स तकनीक से नए सिरे से बनाने की कार्य योजना को वित्तीय स्वीकृति देते हुए 5 जून को इसका विधिवत शिलान्यास कर दिया। शिलान्यास होने के महज दो दिन के भीतर ही जमीनी स्तर पर मशीनों की गड़गड़ाहट गूंजने लगी और निर्माण कार्य पूरी तेजी के साथ गति पकड़ चुका है, जिसका खुद महापौर दीपक बाली ने मौके पर उपस्थित रहकर बारीकी से जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने निर्माण कार्य में प्रयुक्त हो रही सामग्री की गुणवत्ता और तय मानकों की कड़ाई से जांच-परख की और उपस्थित ठेकेदारों तथा विभागीय अधिकारियों को दो टूक लहजे में सख्त हिदायत दी कि कार्य की क्वालिटी के साथ किसी भी स्तर पर कोई समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने मीडिया से बातचीत में साफ किया कि उनका एकमात्र प्रयास इस महत्वपूर्ण परियोजना को तय समय सीमा के भीतर और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरा कराना है, ताकि क्षेत्रवासियों को एक सुरक्षित, सुगम और गड्ढा मुक्त आवागमन की बेहतर सुविधा हमेशा के लिए मिल सके।
महापौर दीपक बाली ने इस मौके पर अपने दृढ़ संकल्प को दोहराते हुए कहा कि वह काशीपुर के चहुंमुखी विकास और आम जनता की सुख-सुविधाओं के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध हैं और राजनीति से ऊपर उठकर केवल जनसेवा को ही अपना परम कर्तव्य मानते हैं। इस ऐतिहासिक और राहत देने वाले क्षण के गवाह बनने के लिए मौके पर भारी संख्या में जनप्रशंसक और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे, जिनमें मुख्य रूप से सांसद प्रतिनिधि विजय कुमार बॉबी, स्थानीय पार्षद दीपा पाठक, वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता बनवारी लाल कंसल, संजीव शर्मा, भगवती शरण, रामचरण त्रिवेद और गंगाराम प्रजापति समेत क्षेत्र के कई अन्य गणमान्य नागरिक और व्यापारी वर्ग शामिल थे। इन सभी गणमान्य लोगों ने इस बहुप्रतीक्षित सड़क के निर्माण कार्य शुरू होने पर खुशी जाहिर की और इसे शहर के विकास के लिए एक मील का पत्थर बताया। निर्माण स्थल पर मौजूद मीडियाकर्मियों से खुलकर बात करते हुए महापौर ने विपक्ष द्वारा उठाए जा रहे तमाम सवालों और राजनीतिक बयानों का भी बेहद बेबाकी के साथ जवाब दिया और इसे जनता की जीत करार दिया।

विपक्ष की ओर से किए जा रहे कटाक्ष और काम को लेकर की जा रही बयानबाजी पर अपनी तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए महापौर दीपक बाली ने कहा कि कुछ लोग केवल राजनीति चमकाने के लिए आलोचना करते हैं, जबकि हमारा ध्यान केवल धरातल पर काम करने और जनता की बुनियादी जरूरतों को पूरा करने पर केंद्रित है। उन्होंने इस पूरी सौगात के लिए प्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का विशेष रूप से धन्यवाद और आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में ही यह असंभव कार्य संभव हो सका है। उन्होंने बताया कि इस सड़क के जीरो से लेकर 24 किलोमीटर तक के हिस्से में पहले 16 लाख किलोमीटर की मरम्मत का जो भ्रम फैलाया जा रहा था, उसे पीछे छोड़ अब वास्तविक रूप से काम शुरू हो गया है और आने वाले दिनों में बेहद तेज गति से हम इस पूरी योजना को अमलीजामा पहनाएंगे। वर्तमान में सड़क पर चल रहे कार्य की वजह से स्थानीय यातायात में थोड़ी बहुत असुविधा जरूर हो रही है, जिसे ध्यान में रखते हुए उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे सुबह पांच बजे से ही काम की शुरुआत करें और रात में भी अतिरिक्त पांच घंटे काम चलाएं ताकि आने वाले मानसून और बरसात के सीजन से पहले मुख्य हिस्से का काम पूरा हो सके।
महापौर दीपक बाली ने क्षेत्र की भौगोलिक स्थिति और भविष्य की जरूरतों का हवाला देते हुए बताया कि काशीपुर से रामनगर तक की इस विशालकाय सड़क को पूरी तरह से एक भव्य और अंतरराष्ट्रीय स्तर के फोरलेन मार्ग के रूप में तब्दील करने की एक और बड़ी योजना पर समानांतर काम चल रहा है, जिसकी अनुमानित लागत लगभग 490 करोड़ रुपए के आसपास होने वाली है। चूंकि इतनी बड़ी और भव्य फोरलेन सड़क को पूरी तरह से बनकर तैयार होने में कम से कम दो से तीन साल का एक लंबा समय लगेगा, इसलिए वर्तमान में जनता को रोजाना के जानलेवा गड्ढों और धूल-मिट्टी से तत्काल राहत दिलाना बेहद जरूरी था। इसी तात्कालिक आवश्यकता को समझते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर यह त्वरित एस्टीमेट और प्रस्ताव बनाकर शासन को भेजा गया था, ताकि बरसात से पहले इस 28 किलोमीटर की सड़क को हॉट मिक्स कर चमकाया जा सके और इसके ठीक बाद फोरलेन का महा-निर्माण कार्य भी आगामी मानसून सीजन की समाप्ति के तुरंत बाद शुरू कर दिया जाएगा।
शहर के बुनियादी ढांचे और सौंदर्यकरण की भावी योजनाओं का खाका खींचते हुए महापौर दीपक बाली ने आगे बताया कि किसी भी जीवंत शहर में समस्याएं और आवश्यकताएं कभी खत्म नहीं होतीं, बल्कि समय के साथ नई जरूरतें पैदा होती हैं और जनहित में उन सभी आवश्यक सुविधाओं को पूरा करना हमारी सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने गर्व से कहा कि काशीपुर अब उत्तराखंड के नक्शे पर विकास की दौड़ में बेहद तेजी से शामिल हो चुका है, जिसका सीधा प्रमाण यह है कि आने वाले समय में शहर के भीतर यातायात को सुव्यवस्थित करने के लिए आठ प्रमुख चौराहों का भव्य और आधुनिक निर्माण किया जाएगा। इस बड़े चौराहे सौंदर्यीकरण प्रोजेक्ट के तहत अगले एक से दो दिनों के भीतर ही पहले चौराहे का निर्माण कार्य धरातल पर शुरू होने जा रहा है, जबकि शहर के सबसे व्यस्त और मुख्य केंद्र महाराणा प्रताप चौक के कायाकल्प का विशाल कार्य भी आगामी एक महीने के भीतर अनिवार्य रूप से शुरू कर दिया जाएगा, जिसकी रूपरेखा पूरी तरह से तैयार कर ली गई है।
काशीपुर नगर निगम की भविष्य की बड़ी और दूरगामी सोच को जनता के सामने रखते हुए महापौर दीपक बाली ने एक बहुत बड़ा खुलासा किया कि शहर के ऐतिहासिक विकास और नागरिक सुविधाओं को वैश्विक स्तर का बनाने के लिए नगर निगम प्रशासन द्वारा लगभग 1000 सौ करोड़ रुपए (एक हजार करोड़) की विभिन्न विकास योजनाओं का एक महा-प्रस्ताव तैयार कर राज्य सरकार और शासन को मंजूरी के लिए भेजा जा चुका है। उन्होंने लगातार सोशल मीडिया और अन्य मंचों पर उनकी और सरकार की आलोचना करने वाले राजनीतिक विरोधियों को कड़ा संदेश देते हुए कहा कि उन्हें किसी की फालतू की बयानबाजी और नकारात्मक आलोचनाओं पर ध्यान देने की फुर्सत नहीं है। उन्होंने बेहद भावुक और आक्रामक अंदाज में कहा कि वह किसी भी प्रकार का झूठा बहाना बनाने में विश्वास नहीं रखते हैं, बल्कि वह हमेशा चुनौतियों का डटकर सामना करते हैं और काशीपुर के विकास तथा आम जनता के मान-सम्मान की रक्षा के लिए वह पूरी तरह से समर्पित हैं और अपने इस अटूट संकल्प को पूरा करने के लिए वह दिन-रात निरंतर कार्य करते रहेंगे, चाहे आलोचक कितनी भी आलोचना क्यों न करते रहें।





