काशीपुर। उत्तराखंड की राजनीति और शहरी विकास जगत के लिए 4 नवंबर का दिन खास होने जा रहा है, जब प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी काशीपुर आगमन पर रहेंगे। लंबे समय से नगर निकायों के विकास को लेकर चल रही चर्चाओं और अपेक्षाओं के बीच मुख्यमंत्री धामी का यह दौरा पूरे प्रदेश में उम्मीदों का नया संचार करने वाला माना जा रहा है। जानकारी के अनुसार, वे शहरी विकास विभाग, उत्तराखंड सरकार द्वारा आयोजित एक भव्य एकदिवसीय सम्मेलन में बतौर मुख्य अतिथि शिरकत करेंगे। यह आयोजन काशीपुर के रामनगर रोड स्थित अनन्या होटल में होने जा रहा है, जहां प्रदेश के सभी नगर निगमों के मेयर, नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों के निर्वाचित अध्यक्ष, नगर आयुक्त और अधिशासी अधिकारी एक ही मंच पर जुटेंगे। उम्मीद की जा रही है कि इस सम्मेलन में प्रदेश के शहरी निकायों से जुड़ी चुनौतियों, जनप्रतिनिधियों की कार्य प्रणाली और विकास में आ रही अड़चनों पर खुलकर मंथन होगा। इस सम्मेलन को नगर निकायों के भविष्य के विकास की नई दिशा तय करने वाला ऐतिहासिक कदम बताया जा रहा है।
प्रदेश में शहरीकरण की रफ्तार लगातार तेज हो रही है, और इसी के साथ शहरों की समस्याएं भी बढ़ती जा रही हैं। ऐसे में काशीपुर में होने वाला यह सम्मेलन सभी निकायों के लिए एक साझा संवाद मंच बनेगा। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का यह दौरा न केवल योजनाओं की समीक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण है, बल्कि यह उन जनप्रतिनिधियों के लिए भी उम्मीद का संदेश है जो अपने-अपने क्षेत्रों में विकास की दिशा में लगातार प्रयासरत हैं। कार्यक्रम में नगर निगमों से लेकर नगर पंचायतों तक के प्रतिनिधि अपने-अपने अनुभव साझा करेंगे और उन कठिनाइयों पर चर्चा करेंगे जिनका सामना उन्हें कार्यान्वयन के दौरान करना पड़ता है। बताया जा रहा है कि मुख्यमंत्री स्वयं इन सुझावों को सुनकर निकायों के कामकाज में सुधार और समन्वय के नए उपायों पर दिशा देंगे, जिससे शहरी विकास की गति और मजबूत हो सके।
दौरे के दौरान मुख्यमंत्री धामी काशीपुर में कई महत्वपूर्ण योजनाओं का शिलान्यास भी करेंगे, जो नगर की स्वच्छता और प्रदूषण नियंत्रण के क्षेत्र में नई मिसाल कायम करेंगी। नगर निगम काशीपुर को प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड उत्तराखंड से प्राप्त धनराशि के तहत शहर की सुंदरता और पर्यावरण संरक्षण से जुड़ी कई परियोजनाओं को मंजूरी दी गई है। मुख्यमंत्री धामी 1.20 करोड़ रुपये की लागत से वर्टिकल गार्डन, डिवाइडरों पर गमलों की सजावट, शहर के प्रमुख स्थलों पर ग्रीन पैच और फ्लावर बेड के साथ-साथ व्यापक पौधारोपण कार्य का शुभारंभ करेंगे। यह पहल काशीपुर को हरा-भरा और प्रदूषण मुक्त शहर बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है। इन योजनाओं के जरिये शहर की सड़कों और राजमार्गों पर हरियाली की एक नई परत चढ़ाई जाएगी, जिससे वायु प्रदूषण में उल्लेखनीय कमी आने की उम्मीद है।
इसी कड़ी में नगर निगम काशीपुर द्वारा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से प्राप्त धनराशि के अंतर्गत राष्ट्रीय राजमार्गों के दोनों ओर 4130 मीटर क्षेत्र में पीसीसी पैविंग कार्य का शिलान्यास भी मुख्यमंत्री द्वारा किया जाएगा। लगभग तीन करोड़ से अधिक की इस परियोजना से सड़कों के किनारे की धूल और गंदगी को रोकने में मदद मिलेगी, जो शहर के प्रदूषण स्तर को नियंत्रित करने की दिशा में एक प्रभावी प्रयास होगा। बताया जा रहा है कि इस कार्य से न केवल सड़क किनारों का सौंदर्य बढ़ेगा, बल्कि राहगीरों को भी स्वच्छ वातावरण का अनुभव मिलेगा। सरकार के इस कदम को जनजीवन की गुणवत्ता में सुधार की दिशा में उठाया गया एक महत्वपूर्ण फैसला माना जा रहा है।
इसके अलावा मुख्यमंत्री धामी 3.40 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले गैस आधारित पशु शवदाह गृह का भी शिलान्यास करेंगे। यह आधुनिक प्रणाली न केवल पर्यावरण अनुकूल होगी, बल्कि शहर में स्वच्छता बनाए रखने के लिए भी कारगर सिद्ध होगी। पारंपरिक तरीकों से होने वाले प्रदूषण की तुलना में गैस आधारित प्रणाली वायु प्रदूषण को काफी हद तक कम करेगी। नगर निगम काशीपुर की इस पहल से शहर में स्वच्छता प्रबंधन के मानकों में बड़ा सुधार आने की संभावना है। यह परियोजना आने वाले समय में प्रदेश के अन्य नगर निकायों के लिए भी प्रेरणास्रोत बन सकती है, क्योंकि यह तकनीक आधुनिकता और पर्यावरण संरक्षण दोनों का संगम है।
शहरी जीवन को तकनीक के साथ जोड़ने की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाते हुए मुख्यमंत्री धामी नगर निगम परिसर में 3.75 करोड़ की लागत से प्रस्तावित हाईटेक कम्प्यूटरीकृत कंट्रोल रूम की नींव रखेंगे। यह केंद्र शहर की सफाई व्यवस्था, संचालन और निगरानी का मुख्य केंद्र बनेगा। कंट्रोल रूम से शहर की साफ-सफाई से जुड़ी हर गतिविधि की लाइव मॉनिटरिंग की जाएगी और किसी भी गड़बड़ी पर तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। यह प्रणाली नगर प्रशासन को और अधिक पारदर्शी, तेज़ और जवाबदेह बनाएगी। नगर निगम काशीपुर द्वारा अपनाई जा रही यह तकनीकी व्यवस्था स्मार्ट सिटी के विजन की ओर एक ठोस कदम है, जो भविष्य के काशीपुर को आधुनिक और व्यवस्थित स्वरूप देने में मदद करेगी।
इतना ही नहीं, मुख्यमंत्री धामी राष्ट्रीय राजमार्गों के दोनों ओर 3639 मीटर क्षेत्र में लगभग 3.05 करोड़ रुपये की लागत से प्रस्तावित पीसीसी पैविंग कार्य का भी शिलान्यास करेंगे। यह परियोजना न केवल वायु प्रदूषण की रोकथाम के लिए आवश्यक है बल्कि शहर की सड़कों को मजबूती देने में भी अहम भूमिका निभाएगी। इस योजना के पूरा होने से जहां एक ओर धूल-मिट्टी की समस्या समाप्त होगी, वहीं दूसरी ओर सड़क किनारे का वातावरण और भी स्वच्छ व सुरक्षित बन जाएगा।
काशीपुरमें मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का यह दौरा प्रदेश के शहरी विकास की दिशा में नए अध्याय की शुरुआत करने जा रहा है। इस अवसर पर स्थानीय जनप्रतिनिधि और अधिकारी भी मुख्यमंत्री के साथ संवाद करेंगे, जिससे शहरों की समस्याओं के स्थायी समाधान की रूपरेखा तैयार की जा सके। यह सम्मेलन केवल औपचारिकता नहीं बल्कि उस दृष्टिकोण का हिस्सा है जिसमें मुख्यमंत्री धामी का जोर जनसहभागिता और जिम्मेदार प्रशासन पर है। विकास की इस नई लहर के साथ काशीपुर के लोग उम्मीद कर रहे हैं कि आने वाले समय में उनका शहर उत्तराखंड के सबसे व्यवस्थित और पर्यावरण-अनुकूल नगरों की सूची में शामिल होगा।



