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24 दिसंबर को काशीपुर बार एसोसिएशन चुनाव में सात पदों पर उन्नीस प्रत्याशियों की प्रतिष्ठा दांव पर

नामांकन जांच और नाम वापसी प्रक्रिया पूरी होने के बाद काशीपुर बार में चुनावी सरगर्मी तेज, अध्यक्ष से लेकर आय-व्यय निरीक्षक तक सभी प्रमुख पदों पर अनुभवी अधिवक्ताओं के बीच कड़ा मुकाबला तय, मतगणना उसी दिन देर शाम होगी।

काशीपुर। विधि जगत से जुड़े अधिवक्ताओं के लिए महत्वपूर्ण माने जाने वाले काशीपुर बार एसोसिएशन के चुनावी माहौल ने अब पूरी तरह से रफ्तार पकड़ ली है। आगामी 24 दिसंबर को होने वाले इस बहुप्रतीक्षित चुनाव को लेकर बार परिसर में सरगर्मियां लगातार बढ़ती जा रही हैं। चुनाव अधिकारी गोपाल कृष्ण एडवोकेट के नेतृत्व में गठित निर्वाचन टीम द्वारा नामांकन पत्रों की बिक्री, नामांकन दाखिल करने, उनकी विधिवत जांच और निर्धारित समय सीमा में नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। इसके पश्चात सभी वैध प्रत्याशियों की अंतिम सूची सार्वजनिक कर दी गई है। इस चुनाव में अध्यक्ष और सचिव जैसे प्रमुख पदों सहित कुल सात पदों के लिए उन्नीस प्रत्याशी मैदान में अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। मतदान के दिन ही देर शाम मतगणना संपन्न कर विजयी प्रत्याशियों की घोषणा की जाएगी, जिसे लेकर अधिवक्ताओं में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है।

बार एसोसिएशन चुनाव की प्रक्रिया को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाए रखने के उद्देश्य से निर्वाचन अधिकारी गोपाल कृष्ण एडवोकेट की देखरेख में गठित टीम ने प्रत्येक चरण को समयबद्ध तरीके से संपन्न कराया। नामांकन पत्रों की बिक्री से लेकर जांच और नाम वापसी तक की पूरी कवायद तय कार्यक्रम के अनुसार पूरी की गई। निर्धारित समय सीमा समाप्त होने के बाद जब वैध प्रत्याशियों की सूची जारी हुई तो बार परिसर में चर्चाओं का दौर तेज हो गया। वर्ष 2026-27 के कार्यकाल के लिए होने वाले इस चुनाव को लेकर अधिवक्ताओं के बीच लोकतांत्रिक उत्साह साफ झलक रहा है। सभी प्रत्याशी अपने-अपने समर्थकों के साथ संपर्क अभियान में जुट गए हैं और मतदाताओं को अपने पक्ष में करने के प्रयास तेज कर दिए गए हैं। इस चुनाव को बार के भविष्य की दिशा तय करने वाला महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है।

इस बार काशीपुर बार एसोसिएशन के चुनाव में विभिन्न पदों के लिए प्रत्याशियों की संख्या भी चर्चा का विषय बनी हुई है। अध्यक्ष पद के लिए दो उम्मीदवार मैदान में हैं, जबकि उपाध्यक्ष पद पर चार दावेदारों के बीच मुकाबला होना तय है। सचिव पद के लिए तीन प्रत्याशी चुनावी रण में उतरे हैं और उप सचिव पद पर भी तीन उम्मीदवार अपनी दावेदारी पेश कर रहे हैं। कोषाध्यक्ष पद के लिए तीन प्रत्याशी मैदान में हैं, वहीं पुस्तकालय अध्यक्ष पद पर दो तथा आय-व्यय निरीक्षक पद पर भी दो उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे हैं। कुल मिलाकर सात प्रमुख पदों के लिए उन्नीस प्रत्याशी अधिवक्ताओं का विश्वास जीतने का प्रयास कर रहे हैं। इसके अतिरिक्त कार्यकारिणी सदस्य पद के लिए भी पंद्रह प्रत्याशी मैदान में हैं, जिससे चुनावी प्रतिस्पर्धा और अधिक रोचक हो गई है।

अध्यक्ष पद की बात करें तो इस प्रतिष्ठित पद के लिए गिरजेश खुलवे और मनेश अग्रवाल के बीच सीधा मुकाबला देखने को मिलेगा। दोनों ही प्रत्याशी लंबे समय से अधिवक्ता समुदाय से जुड़े रहे हैं और बार की गतिविधियों में सक्रिय भूमिका निभाते आए हैं। उनके समर्थक लगातार संपर्क साधकर मतदाताओं को अपनी उपलब्धियां और योजनाएं बता रहे हैं। उपाध्यक्ष पद पर मौ० मुस्तफा मलिक, सनद कुमार पैगिया, विधु शेखर और विष्णु नारायण भटनागर के बीच चार-कोणीय मुकाबला तय माना जा रहा है। यह पद भी संगठनात्मक दृष्टि से बेहद अहम है, ऐसे में प्रत्याशियों द्वारा अपने अनुभव और विचारों को अधिवक्ताओं के सामने रखा जा रहा है, जिससे चुनावी माहौल और अधिक जीवंत हो गया है।

सचिव पद के लिए अनूप शर्मा, यशवन्त कुमार चौहान और संजय कुमार मेहन्दीरत्ता चुनाव मैदान में हैं। सचिव पद को बार एसोसिएशन की रीढ़ माना जाता है, क्योंकि संगठन के दैनिक कार्यों और प्रशासनिक गतिविधियों की जिम्मेदारी इसी पद पर होती है। तीनों प्रत्याशी अपने-अपने तरीके से मतदाताओं तक पहुंचने का प्रयास कर रहे हैं और अपने कार्ययोजनाओं को सामने रख रहे हैं। वहीं उप सचिव पद पर अंकित चौधरी, अरविन्द शर्मा और महेन्द्र सिंह के बीच त्रिकोणीय मुकाबला होना तय है। यह पद भी संगठन के संचालन में अहम भूमिका निभाता है, इसलिए प्रत्याशियों के बीच स्वस्थ प्रतिस्पर्धा देखने को मिल रही है।

कोषाध्यक्ष पद के लिए अरविन्द सिंह, भुवन चन्द्र नौटियाल और देवेन्द्र कुमार पाल मैदान में हैं। बार एसोसिएशन के वित्तीय प्रबंधन की जिम्मेदारी को देखते हुए यह पद बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। तीनों प्रत्याशी पारदर्शिता और बेहतर वित्तीय व्यवस्था का भरोसा दिलाते हुए अधिवक्ताओं से समर्थन मांग रहे हैं। पुस्तकालय अध्यक्ष पद के लिए राकेश कुमार प्रजापति और सोहन सिंह नेगी आमने-सामने हैं। बार लाइब्रेरी को अधिवक्ताओं की शैक्षणिक और व्यावसायिक जरूरतों का केंद्र माना जाता है, ऐसे में इस पद के लिए भी मुकाबला खासा अहम हो गया है। आय-व्यय निरीक्षक पद पर धर्मेन्द्र कुमार और गौरव मेहरोत्रा चुनावी मैदान में हैं, जो संगठन की आय और व्यय पर निगरानी रखने की जिम्मेदारी निभाते हैं।

चुनाव अधिकारी गोपाल कृष्ण एडवोकेट ने जानकारी देते हुए बताया कि सभी प्रक्रियाएं नियमों के अनुरूप पूरी की गई हैं और अब चुनाव शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने की तैयारियां की जा रही हैं। उन्होंने बताया कि कुल सात पदों के लिए उन्नीस प्रत्याशी तथा कार्यकारिणी सदस्य पद के लिए पंद्रह प्रत्याशी मैदान में हैं। मतदान 24 दिसंबर को कराया जाएगा और उसी दिन देर शाम मतगणना के बाद परिणाम घोषित कर दिए जाएंगे। बार एसोसिएशन के अधिवक्ताओं में इस चुनाव को लेकर विशेष उत्साह है, क्योंकि यह चुनाव न केवल संगठन की नई कार्यकारिणी का चयन करेगा, बल्कि आने वाले वर्षों में बार की कार्यदिशा भी तय करेगा। चुनावी गतिविधियों के चलते इन दिनों बार परिसर पूरी तरह से लोकतांत्रिक रंग में रंगा हुआ नजर आ रहा है।

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कांग्रेस अध्यक्ष अलका पाल

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