रामनगर। लखनपुर क्षेत्र की अग्रणी सामाजिक संस्था शान्तिकुंज कल्याण समिति की वार्षिक आम सभा का आयोजन छोई स्थित एक निजी रिसोर्ट के सुरम्य वातावरण में अत्यंत हर्षोल्लास के साथ संपन्न हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ परंपरा के अनुसार दीप प्रज्वलन के साथ हुआ, जिसके उपरांत समिति के उत्तरदायित्वों और पारदर्शिता को प्राथमिकता देते हुए कोषाध्यक्ष ने पिछले वित्तीय वर्ष के आय और व्यय का विस्तृत एवं पारदर्शी ब्यौरा सदन के सम्मुख प्रस्तुत किया। लेखा-जोखा प्रस्तुत किए जाने के दौरान उपस्थित सदस्यों ने समिति द्वारा किए गए जनकल्याणकारी कार्यों की सराहना की और वित्तीय अनुशासन की शुचिता पर संतोष व्यक्त किया। इस वार्षिक बैठक का उद्देश्य न केवल बीते वर्ष की उपलब्धियों का विश्लेषण करना था, बल्कि आगामी समय के लिए एक सशक्त कार्ययोजना तैयार करना भी रहा। बैठक की गंभीरता के बीच सामाजिक सौहार्द का ऐसा अनूठा संगम देखने को मिला जहाँ क्षेत्र की समस्याओं पर गहन मंथन के साथ-साथ भविष्य की नई संभावनाओं पर भी विस्तार से चर्चा की गई, जिससे संगठन की नींव को और अधिक मजबूती मिली।
औपचारिक चर्चाओं और लेखा-जोखा की प्रस्तुति के पश्चात कार्यक्रम में सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने चार चाँद लगा दिए, जहाँ समिति के नन्हे-मुन्ने बच्चों और महिला सदस्यों ने अपनी कलात्मक प्रतिभा का लोहा मनवाया। रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों की श्रृंखला में उत्तराखंड की लोक संस्कृति की झलक देखने को मिली, जिसमें महिलाओं द्वारा प्रस्तुत लोक गीतों और बच्चों के नृत्य ने उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया। इन प्रस्तुतियों ने यह संदेश दिया कि शान्तिकुंज कल्याण समिति केवल नागरिक समस्याओं के समाधान तक सीमित नहीं है, बल्कि यह अपनी सांस्कृतिक विरासत और पारिवारिक मूल्यों को संजोने का भी कार्य कर रही है। मंच पर बच्चों का आत्मविश्वास और महिलाओं की सक्रिय भागीदारी ने इस वार्षिक बैठक को एक उत्सव में तब्दील कर दिया, जिससे रिसोर्ट का पूरा परिसर तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। इन कार्यक्रमों के माध्यम से समुदाय के भीतर एकता और परस्पर प्रेम की भावना को बल मिला, जो किसी भी सामाजिक संगठन की सफलता के लिए अत्यंत अनिवार्य तत्व माना जाता है।
समारोह के सबसे महत्वपूर्ण पड़ाव पर पहुँचते ही वर्ष 2026-27 के लिए नई कार्यकारिणी के गठन की प्रक्रिया प्रारंभ हुई, जो लोकतांत्रिक मूल्यों और आपसी सहमति की मिसाल पेश करते हुए पूर्णतः निर्विरोध संपन्न हुई। चुनाव प्रक्रिया के दौरान सर्वसम्मति से अनूप सिंह बिष्ट को संरक्षक पद की गरिमा सौंपी गई, जबकि पंकज सती को नई कार्यकारिणी का अध्यक्ष चुना गया। इसी क्रम में संगठन की कमान संभालते हुए आनन्द पाण्डे को सचिव, जगत पाण्डे को उपाध्यक्ष, हेम चन्द्र पाण्डे को कोषाध्यक्ष और शंकर पाण्डे को उपसचिव के रूप में नई जिम्मेदारी प्रदान की गई। निर्विरोध निर्वाचन ने यह स्पष्ट कर दिया कि समिति के समस्त सदस्यों के बीच अटूट विश्वास और समन्वय की भावना विद्यमान है। नवनियुक्त पदाधिकारियों का फूल-मालाओं के साथ जोरदार स्वागत किया गया और सभी ने एक सुर में संगठन के उद्देश्यों को नई ऊंचाइयों पर ले जाने का संकल्प दोहराया। इस नई टीम के चयन से क्षेत्रवासियों में एक नई आशा का संचार हुआ है कि आने वाले समय में विकास कार्यों को और अधिक गति मिलेगी।
उल्लेखनीय है कि शान्तिकुंज कल्याण समिति वर्ष 2015 से ही अपने स्थापना काल से लखनपुर और आसपास के क्षेत्रों की ज्वलंत समस्याओं को विभिन्न प्रशासनिक और सामाजिक मंचों पर मुखरता से उठाने के लिए जानी जाती है। पिछले लगभग एक दशक से यह समिति सड़कों की स्थिति, बिजली-पानी की किल्लत और स्वच्छता जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों के स्थाई समाधान के लिए शासन-प्रशासन के साथ निरंतर संघर्षरत रही है। समिति की सक्रियता का ही परिणाम है कि आज क्षेत्र के निवासी अपनी छोटी-बड़ी समस्याओं के लिए इस मंच को सबसे विश्वसनीय माध्यम मानते हैं। अपनी विशिष्ट कार्यशैली के कारण इस संगठन ने रामनगर के सामाजिक ढांचे में अपनी एक अलग और सम्मानित पहचान बनाई है। समिति का इतिहास गवाह रहा है कि जब भी जनहित की बात आई है, इसके सदस्यों ने राजनीति से ऊपर उठकर केवल विकास और सुधार को प्राथमिकता दी है, जिससे यह संस्था आज क्षेत्र की आवाज बन चुकी है।
निर्वाचन के उपरांत अपने पहले संबोधन में नवनियुक्त अध्यक्ष पंकज सती ने अत्यंत भावुक और ओजस्वी वाणी में सभी सदस्यों का आभार प्रकट किया और भविष्य की प्राथमिकताओं को रेखांकित किया। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि शान्तिकुंज कल्याण समिति की नई कार्यकारिणी विशेष रूप से शान्तिकुंज मोहल्ले की उन तमाम समस्याओं को हल करने का पुरजोर प्रयास करेगी जो लंबे समय से लंबित हैं। उन्होंने विश्वास दिलाया कि टीम भावना के साथ कार्य करते हुए वे प्रशासन से समन्वय स्थापित करेंगे ताकि विकास की योजनाओं का लाभ सीधे अंतिम व्यक्ति तक पहुँच सके। अध्यक्ष ने यह भी कहा कि उनका लक्ष्य केवल समस्याओं को उठाना नहीं बल्कि उनका तार्किक अंत करना है, जिसके लिए वे नियमित अंतराल पर क्षेत्र भ्रमण और बैठकों का आयोजन करेंगे। उनके इस संबोधन ने सदस्यों में जोश भर दिया और सभी ने मिलकर एक सशक्त और समृद्ध मोहल्ले के निर्माण का आह्वान किया।
इस भव्य वार्षिक आयोजन की सफलता में क्षेत्र के कई गणमान्य व्यक्तियों और सक्रिय कार्यकर्ताओं की गरिमामयी उपस्थिति ने विशेष महत्व प्रदान किया। कार्यक्रम के दौरान रमेश बिष्ट, भुवन शर्मा, पूरन पाण्डे, तारा घिल्डियाल, चंद्रशेखर पन्त और नवेन्दु जोशी ने अपने विचार साझा करते हुए संगठन की मजबूती पर बल दिया। इनके साथ ही के0 एन0 जोशी, प्रदीप पाण्डे, रोहित बिष्ट, धर्मपाल डंगवाल, सन्तोष पपनै और नवीन तिवारी ने भी नई कार्यकारिणी को अपनी शुभकामनाएं प्रेषित कीं। बैठक में मनोज मनराल, जितेंद्र पाण्डे, अनूप बिष्ट और लक्ष्मण जोशी जैसे अनुभवी सदस्यों की सक्रिय भागीदारी ने यह सुनिश्चित किया कि चर्चा का स्तर उच्च और परिणामोन्मुखी रहे। सभी उपस्थित अतिथियों ने एक स्वर में कहा कि जिस प्रकार यह समिति सामूहिक प्रयासों से आगे बढ़ रही है, वह अन्य सामाजिक संगठनों के लिए भी एक अनुकरणीय उदाहरण है।
अंततः यह वार्षिक बैठक केवल एक औपचारिक मिलन न रहकर सामाजिक संकल्प का एक बड़ा दस्तावेज साबित हुई, जिसने लखनपुर क्षेत्र के विकास की नई पटकथा लिख दी है। रिसोर्ट के शांत वातावरण में हुई इस रणनीतिक चर्चा ने यह तय कर दिया है कि आने वाले वर्ष 2026-27 में शान्तिकुंज कल्याण समिति अधिक आक्रामक और रचनात्मक ढंग से जनहित के कार्यों में जुटेगी। नई ऊर्जा और नए चेहरों के साथ संगठन अब उन चुनौतियों का सामना करने के लिए तैयार है जो विकास की राह में बाधा बनी हुई थीं। कार्यक्रम के समापन पर सामूहिक भोज का आयोजन किया गया जहाँ अनौपचारिक संवाद के जरिए आपसी रिश्तों को और अधिक प्रगाढ़ किया गया। कुल मिलाकर यह आयोजन अपनी भव्यता, अनुशासन और लोकतांत्रिक शुचिता के कारण लंबे समय तक याद रखा जाएगा, जो न केवल शान्तिकुंज बल्कि पूरे रामनगर क्षेत्र के लिए सकारात्मक बदलाव का संदेश लेकर आया है।





