काशीपुर। देवभूमि उत्तराखंड के तेजी से विकसित होते औद्योगिक नगर काशीपुर की सूरत बदलने और इसे धार्मिक नगरी काशी के समान भव्य एवं दिव्य रूप प्रदान करने के संकल्प के साथ स्थानीय राजनीति में एक बेहद महत्वपूर्ण और बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। काशीपुर नगर निगम के कद्दावर महापौर दीपक बाली ने सूबे के मुखिया मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से राजधानी देहरादून में उनके सचिवालय स्थित हाईटेक कार्यालय कक्ष में एक विशेष शिष्टाचार भेंट की। इस बेहद संवेदनशील और रणनीतिक मुलाकात का मुख्य उद्देश्य काशीपुर शहर के चौतरफा बुनियादी विकास को एक नई और अभूतपूर्व रफ्तार देना था, जिसके लिए महापौर ने मुख्यमंत्री के समक्ष सीधे तौर पर प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृतियों की झड़ी लगाने का पुरजोर अनुरोध किया। इस उच्च स्तरीय बैठक के दौरान महापौर दीपक बाली ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को विस्तार से तैयार किए गए कई महत्वपूर्ण मांग पत्र सौंपे, जिनमें नगर निगम क्षेत्र के अंतर्गत वर्षों से लंबित पड़ी या नई प्रस्तावित महत्वाकांक्षी परियोजनाओं का एक-एक बिंदुवार ब्यौरा दर्ज था। उन्होंने बेहद तार्किक ढंग से मुख्यमंत्री को अवगत कराया कि यदि इन जनकल्याणकारी योजनाओं को शासन स्तर से जल्द से जल्द हरी झंडी और बजट मिल जाता है, तो इससे न केवल सीमांत शहर के विकास को एक ऐतिहासिक और नई गति मिलेगी बल्कि स्थानीय आम नागरिकों को भी विश्वस्तरीय मूलभूत सुविधाएं उनके घर के पास ही उपलब्ध होने लगेंगी।
स्थानीय निकाय के मुखिया दीपक बाली द्वारा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को सौंपे गए इन विशेष सरकारी पत्रों में पूर्व में राज्य सरकार द्वारा काशीपुर के लिए की गई पुरानी घोषणाओं को धरातल पर उतारने का मामला सबसे प्रमुखता से उठाया गया। महापौर ने सूबे के मुख्यमंत्री से बेहद संजीदगी के साथ अनुरोध किया कि मुख्यमंत्री की पुरानी घोषणाओं के क्रियान्वयन के साथ-साथ शहर की सबसे बड़ी जरूरत यानी पांच अत्याधुनिक वेंडिंग जोन का निर्माण कार्य तत्काल शुरू कराया जाए ताकि रेहड़ी-पटरी व्यवसायियों को व्यवस्थित रोजगार मिल सके। इसके साथ ही बेसहारा पशुओं की समस्या से निपटने के लिए एक सर्वसुविधाजनक डॉग शेल्टर होम के निर्माण, निगम क्षेत्र में शामिल किए गए सभी 17 नए वार्डों के भीतर आंतरिक सड़कों, मुख्य नालों और नालियों के जाल बिछाने की मांग को पुरजोर तरीके से उठाया गया। उन्होंने शहर के मुख्य व्यापारिक केंद्र ढेला पुल के समीप एक विशाल और आधुनिक व्यावसायिक परिसर (कमर्शियल कॉम्प्लेक्स) का निर्माण कराने तथा अवस्थापना निधि (इंफ्रास्ट्रक्चर फंड) के तहत पूर्व में स्वीकृत हो चुके विभिन्न निर्माण कार्यों की रूपरेखा में जनहित के अनुसार आवश्यक संशोधन करने और उनके लिए अतिरिक्त भारी-भरकम धनराशि जारी करने की पुरजोर पैरवी की, जिससे शहर का इंफ्रास्ट्रक्चर पूरी तरह बदल जाएगा।
शहर की सुरक्षा, सुंदरता और आधुनिक नागरिक व्यवस्थाओं को ध्यान में रखते हुए महापौर दीपक बाली ने अपने मांग पत्र में कुछ ऐसे दूरदर्शी तकनीकी प्रस्ताव भी शामिल किए हैं जो काशीपुर को सीधे तौर पर एक स्मार्ट सिटी की कतार में खड़ा कर देंगे। उन्होंने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से सादर आग्रह किया कि नगर निगम क्षेत्र की पूरी पारंपरिक प्रकाश व्यवस्था को पूरी तरह से आधुनिक बनाने के लिए बड़े पैमाने पर नई तकनीक आधारित एलईडी लाइटों से संबंधित कार्यों को तुरंत मंजूरी दी जाए। इसके अलावा शहर को कचरा मुक्त बनाने के उद्देश्य से ठोस अपशिष्ट प्रबंधन (सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट) की बड़ी परियोजनाओं, लावारिस गोवंश के संरक्षण हेतु एक विशाल आधुनिक गौशाला निर्माण तथा शहर में टूटे-फूट इमारती मलबे के वैज्ञानिक निस्तारण के लिए कंस्ट्रक्शन एंड डिमोलिशन वेस्ट (सी एंड डी वेस्ट) मैनेजमेंट प्लांट की स्थापना के प्रस्तावों को शासन स्तर से शीघ्र अति शीघ्र वित्तीय स्वीकृति प्रदान करने की कृपा की जाए। शहर की कानून व्यवस्था और यातायात को मजबूत करने के लिए उन्होंने पूरे नगर निगम क्षेत्र को सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में लाने वाले ‘इंटीग्रेटेड कमांड एंड Control सेंटर’ (आईसीसीसी) की स्थापना के अत्यंत महत्वपूर्ण प्रस्ताव पर भी मुख्यमंत्री का विशेष ध्यान आकर्षित करते हुए तत्काल बजट आवंटन की मांग की।

इसी सिलसिले को आगे बढ़ाते हुए महापौर दीपक बाली ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को सौंपे गए एक अन्य विशेष पत्र के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण और वायु गुणवत्ता में सुधार के लिए केंद्र सरकार के बेहद प्रतिष्ठित राष्ट्रीय स्वच्छ वायु कार्यक्रम (एनसीएपी) का मामला पूरी मजबूती से उठाया। उन्होंने चालू वित्तीय वर्ष २०२६-२७ के लिए इस कार्यक्रम के अंतर्गत तैयार की गई कुल ३०.५२ करोड़ रुपये की भारी-भरकम और दूरगामी परियोजनाओं की विस्तृत फाइल मुख्यमंत्री के सम्मुख प्रस्तुत की। इस महत्वाकांक्षी पर्यावरणीय योजना के तहत उन्होंने काशीपुर शहर की मुख्य सड़कों पर धूल के कणों को कम करने के लिए मैकेनिकल स्वीपिंग (यांत्रिक सड़क सफाई व्यवस्था) शुरू करने, आम जनता में प्रदूषण के खिलाफ बड़े पैमाने पर जन-जागरूकता अभियान चलाने और जापानी तकनीक यानी मियावाकी पद्धति का उपयोग करके शहर के सभी मुख्य सड़क डिवाइडरों पर सघन पौधारोपण करने का खाका पेश किया। इसके साथ ही उन्होंने शहर के प्रवेश मार्गों और सड़क के किनारों पर खूबसूरत तथा ऑक्सीजन देने वाली हरित पट्टियों (ग्रीन बेल्ट) का तेजी से विकास करने तथा अन्य जरूरी पर्यावरणीय सुरक्षा कार्यों को समय पर पूरा करने के लिए राज्य सरकार के खजाने से अतिरिक्त विशेष बजट उपलब्ध कराने का विशेष अनुरोध किया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के साथ हुई इस अत्यंत महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक के दौरान महापौर दीपक बाली ने काशीपुर नगर निगम के वित्तीय संकट और चल रहे विकास कार्यों की गति को प्रभावित कर रहे बजट रोड़े का मुद्दा भी बेहद बेबाकी से मुख्यमंत्री के सामने रखा। उन्होंने सूबे के मुखिया को साफ तौर पर अवगत कराया कि पिछले वित्तीय वर्ष 2025-26 के अंतर्गत राज्य सरकार द्वारा काशीपुर नगर निगम क्षेत्र के लिए जो भारी धनराशि स्वीकृत की गई थी, उसका एक बहुत बड़ा हिस्सा अभी भी शासन स्तर पर अटका हुआ है और उसे तकनीकी कारणों से अवमुक्त किया जाना शेष है। उन्होंने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से व्यक्तिगत रूप से हस्तक्षेप करने की अपील करते हुए कहा कि इस लंबित पड़ी हुई विकास राशि को बिना किसी देरी के तुरंत जारी किया जाए, ताकि क्षेत्र में चल रहे या प्रस्तावित सभी बड़े निर्माण कार्य बिना किसी रुकावट के पूरी तरह से गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध ढंग से धरातल पर पूरे किए जा सकें और जनता को राहत मिले।
सचिवालय के भीतर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से हुई इस बेहद लंबी और गहन चर्चा के बाद जब महापौर दीपक बाली बाहर आए, तो उन्होंने मीडिया कर्मियों से बात करते हुए इस पूरी मुलाकात को बेहद सुखद, सकारात्मक और काशीपुर के इतिहास में मील का पत्थर साबित होने वाली वार्ता बताया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जी के साथ हुई उनकी यह विशेष भेंट पूरी तरह से सार्थक रही है और उन्हें राज्य के यशस्वी, ऊर्जावान, युवा हृदय सम्राट तथा उत्तराखंड के चहुंमुखी विकास की अद्भुत व दूरदर्शी सोच रखने वाले मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की कार्यशैली पर पूरा भरोसा है। महापौर दीपक बाली ने अत्यंत आत्मविश्वास के साथ कहा कि मुख्यमंत्री जी के आत्मीय सहयोग, काशीपुर की जनता के प्रति उनके विशेष लगाव और शासन स्तर से होने वाले त्वरित एवं साहसिक निर्णयों के बल पर काशीपुर में रुके हुए सभी विकास कार्यों को एक अभूतपूर्व नई ऊर्जा और गति मिलना बिल्कुल तय है, जिससे न केवल नगर की पूरी आधारभूत संरचना बेहद मजबूत होगी बल्कि आने वाले समय में यहां के सम्मानित नागरिकों को महानगरों जैसी उच्च स्तरीय सुख-सुविधाओं का सीधा लाभ मिलने लगेगा।





