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शिवरात्रि और कांवड़ यात्रा के मद्देनजर काशीपुर में मांस बिक्री पर सख्त प्रशासनिक रोक

धार्मिक आस्था, सामाजिक सौहार्द और शांति व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से नगर निगम काशीपुर ने विशेष आदेश जारी कर तय अवधि में भोजनालयों, दुकानों और प्रतिष्ठानों में मांस से जुड़ी सभी गतिविधियों पर पूर्ण प्रतिबंध सुनिश्चित किया है।

काशीपुर। नगर क्षेत्र में शिवरात्रि महापर्व और कांवड़ यात्रा को लेकर प्रशासन ने सख्त और स्पष्ट रुख अपनाते हुए धार्मिक भावनाओं के सम्मान तथा शांति व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। नगर निगम काशीपुर, जिला ऊधमसिंहनगर द्वारा जारी कार्यालय आदेश के अनुसार नगर क्षेत्र में कांवड़ यात्रा के दौरान मांस की बिक्री और उससे जुड़े व्यावसायिक गतिविधियों पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध लगाया गया है। यह निर्णय नगर निगम द्वारा महापौर नगर निगम काशीपुर के निर्देशों के क्रम में लिया गया है, ताकि शिवरात्रि के पावन अवसर पर श्रद्धालुओं की आस्था को किसी भी प्रकार से ठेस न पहुंचे। नगर निगम के इस आदेश के तहत स्पष्ट किया गया है कि धार्मिक यात्रा के दौरान नगर का वातावरण पूर्णतः सात्विक, शांत और अनुशासित बना रहे, इसके लिए प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध है। आदेश में यह भी उल्लेख किया गया है कि नगर क्षेत्र में सामाजिक सौहार्द और कानून व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।

जारी आदेश में बताया गया है कि शिवरात्रि महापर्व के दृष्टिगत कांवड़ यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार के मांस की बिक्री पर रोक रहेगी। इसके अंतर्गत ऐसे सभी रेस्टोरेंट, भोजनालय और व्यावसायिक प्रतिष्ठान शामिल हैं, जहां पके हुए मांस का विक्रय किया जाता है या कच्चे मांस की बिक्री होती है। नगर निगम द्वारा स्पष्ट रूप से उल्लेख किया गया है कि यह प्रतिबंध दिनांक 11.02.2026 से लेकर 15.02.2026 तक पूर्ण रूप से प्रभावी रहेगा। इस अवधि में नगर निगम सीमा के अंतर्गत मांस विक्रय से संबंधित कोई भी गतिविधि संचालित नहीं की जा सकेगी। प्रशासन का मानना है कि कांवड़ यात्रा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु नगर क्षेत्र से होकर गुजरते हैं, ऐसे में धार्मिक भावनाओं को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय आवश्यक था। नगर निगम ने यह भी कहा है कि यह व्यवस्था केवल नियमों का पालन कराने के लिए नहीं, बल्कि समाज में आपसी सम्मान और भाईचारे की भावना को मजबूत करने के लिए लागू की गई है।

नगर निगम काशीपुर ने अपने आदेश में यह भी स्पष्ट कर दिया है कि यदि प्रतिबंधित अवधि के दौरान नगर निगम सीमा क्षेत्र में किसी भी व्यक्ति, संस्था या व्यावसायिक प्रतिष्ठान द्वारा नियमों का उल्लंघन किया जाता है, तो संबंधित व्यक्ति के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। आदेश के अनुसार यदि कोई दुकानदार या रेस्टोरेंट संचालक प्रतिबंध के बावजूद कच्चा या पका मांस बेचते हुए पाया जाता है, तो उसके विरुद्ध नियमानुसार विधिक कार्रवाई के साथ-साथ जुर्माना भी लगाया जाएगा। नगर निगम प्रशासन ने यह संदेश दिया है कि नियमों की अवहेलना किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इसके लिए संबंधित विभागों और अधिकारियों को सतर्क रहने तथा नियमित निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए हैं। नगर निगम का कहना है कि इस तरह की सख्ती का उद्देश्य दंड देना नहीं, बल्कि नियमों का पालन सुनिश्चित करना और श्रद्धालुओं की आस्था की रक्षा करना है।

प्रशासनिक स्तर पर यह निर्णय ऐसे समय लिया गया है जब शिवरात्रि और कांवड़ यात्रा को लेकर पहले से ही सुरक्षा और व्यवस्थाओं की समीक्षा की जा रही है। नगर निगम काशीपुर का मानना है कि धार्मिक आयोजनों के दौरान सामाजिक संतुलन बनाए रखना अत्यंत आवश्यक है। इसी क्रम में यह आदेश जारी कर नगर क्षेत्र के सभी व्यापारियों और नागरिकों से सहयोग की अपील की गई है। नगर निगम ने यह भी कहा है कि प्रतिबंध की अवधि समाप्त होने के बाद सामान्य रूप से व्यापारिक गतिविधियां पुनः शुरू की जा सकेंगी। आदेश में यह स्पष्ट किया गया है कि यह अस्थायी व्यवस्था है, जिसे केवल धार्मिक आयोजन की अवधि तक लागू किया गया है। नगर निगम प्रशासन ने सभी संबंधित पक्षों से अपील की है कि वे आदेश का पालन करें और प्रशासन का सहयोग करें, ताकि शिवरात्रि महापर्व और कांवड़ यात्रा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके।

नगर निगम काशीपुर द्वारा जारी यह कार्यालय आदेश नगर आयुक्त, नगर निगम काशीपुर के हस्ताक्षर से जारी किया गया है, जिससे इसकी वैधानिक और प्रशासनिक गंभीरता स्पष्ट होती है। आदेश में नगर निगम के संपर्क विवरण भी अंकित हैं, जिससे किसी भी प्रकार की जानकारी या स्पष्टीकरण के लिए संबंधित अधिकारी से संपर्क किया जा सके। प्रशासन का कहना है कि धार्मिक अवसरों पर इस तरह के निर्णय समाज में आपसी सद्भाव को बनाए रखने में सहायक होते हैं। नगर निगम ने यह भी संकेत दिया है कि आने वाले दिनों में नियमों के अनुपालन को लेकर निगरानी और सख्त की जा सकती है। कुल मिलाकर, यह आदेश काशीपुर नगर क्षेत्र में शिवरात्रि और कांवड़ यात्रा के दौरान शांति, श्रद्धा और अनुशासन सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रशासनिक कदम के रूप में देखा जा रहा है।

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